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आखिरकार टूटा सरकार का गुरूर: नीट धांधली पर घिरे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा
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📅 25 Jul 2026, 02:45 PM
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📍 उत्तर प्रदेश
नीट-यूजी परीक्षा धांधली और महीने भर चले राष्ट्रव्यापी छात्र आंदोलन के प्रचंड दबाव के आगे झुकते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
नई दिल्ली: नीट-यूजी (NEET-UG) परीक्षा धांधली को लेकर पिछले एक महीने से पूरे देश में मचे सियासी बवंडर और छात्र आंदोलनों के बीच शनिवार को केंद्र सरकार को बड़ा झटका लगा। चौतरफा जनाक्रोश, जंतर-मंतर पर डटे आक्रोशित छात्रों और विपक्ष के तीखे हमलों के आगे आखिरकार सरकार का गुरूर टूट गया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है और अपना त्यागपत्र सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है।
राजनीतिक गलियारों में पिछले कई दिनों से यह कयास लगाए जा रहे थे कि सरकार दबाव में नहीं झुकेगी और शिक्षा मंत्री का इस्तीफा नहीं होगा। हालांकि, दिल्ली से लेकर देश के विभिन्न राज्यों की सड़कों पर छात्रों के अमरण अनशन और पुलिस-प्रदर्शनकारियों के बीच हुई झड़पों के बाद सरकार पर अभूतपूर्व नैतिक दबाव बन गया था।
इस्तीफे की घोषणा करते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया पर एक भावुक और रक्षात्मक पत्र साझा किया। उन्होंने लिखा कि अनियमितताओं की शिकायत मिलते ही सरकार ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मामला सीबीआई को सौंपा था और दोबारा परीक्षा कराई थी। उन्होंने कहा, "यह मेरे व्यक्तिगत सम्मान का विषय नहीं, बल्कि देश के 20 लाख से अधिक युवाओं के भविष्य का सवाल है। मैं नहीं चाहता कि देश का होनहार युवा कानूनी दांव-पेंच और राजनीतिक खींचतान में उलझे या उनकी पढ़ाई बाधित हो। पिछले 10 दिनों के घटनाक्रम से आहत होकर मैं स्वतः पद छोड़ रहा हूँ।"
प्रमुख घटनाक्रम:
पीएम को भेजा पत्र: धर्मेंद्र प्रधान ने अपना इस्तीफा सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सौंपा।
जनआंदोलन की जीत: पिछले 30 दिनों से जारी उग्र आंदोलन के बाद बैकफुट पर आई सरकार।
विपक्ष का हमला: विपक्ष ने इसे देश के युवाओं और छात्रों के एकजुट संघर्ष की बड़ी नैतिक जीत बताया।
शिक्षा विशेषज्ञों और छात्र संगठनों का मानना है कि यह इस्तीफा सिर्फ एक प्रशासनिक फेरबदल नहीं, बल्कि देश के लाखों परीक्षार्थियों की एकजुटता का परिणाम है। अब देखना यह होगा कि प्रधानमंत्री इस इस्तीफे पर क्या फैसला लेते हैं और शिक्षा मंत्रालय की कमान किसे सौंपी जाती है।