अन्य
Budget 2026-27 Analysis in Hindi विकसित भारत का संकल्प या पिछले बजट की पुनरावृत्ति? - एक आर्थिक विश्लेषण
📅 02 Feb 2026, 15:51
👁️ 1 व्यूज
Budget 2026-27 Analysis in Hindi
बजट 2026-27 पिछले बजट की पुनरावृत्ति है। इसमें विकसित भारत की संकल्पना को पुनः दोहराया गया है। इसके लिए समावेशन के साथ महत्वाकांक्षा का संतुलन बनाए रखने की बात की गई है। इस बजट का लक्ष्य आकांक्षा को उपलब्धि में रूपांतरित करना तथा क्षमता को प्रदर्शन में बदलना निर्धारित किया गया है। इस बजट में पुनः आत्मनिर्भर भारत की बात की गई है जिसके लिए शिक्षा और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया गया है। इसके साथ बजट को युवा शक्ति को समर्पित किया गया है। इसमें सरकार का किसान, महिला, दलित, वंचित, शोषित, पीड़ित, और पिछड़े वर्ग पर विशेष ध्यान केंद्रित करने पर जोर है। इसके लिए सरकार ने तीन कर्तव्यों की बात की है- पहला कर्तव्य आर्थिक विकास को गति प्रदान करना और उसे धारणीय बनाए रखना। दूसरा कर्तव्य हमारे लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना तथा तीसरा कर्तव्य सबका साथ सबका विकास का सपना पूरा करना, को निर्धारित किया गया है। इस बजट में प्रत्येक जिले में उच्च शिक्षा एसटीईएम संस्थानों में गर्ल्स हॉस्टल बनाने तथा युवा कौशल केंद्र और आवास सुविधा की बात की गई है जो सराहनीय कदम है। महात्मा गांधी के नाम पर महात्मा गांधी स्वराज रोजगार योजना की बात की गई है। किसने की आए दोगुना करने की बात पुनः दोहराया गया है और केसीसी से ऋण की सीमा आगामी वित्तीय वर्ष से तीन से पांच लाख कर दी गई है। कृषि के लिए एई (AI) प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराने की बात की गई है जिससे किसानों को समय रहते कृषि संबंधित सभी बातें पता चल जाएंगे। छोटे उद्योगों को चैंपियनशिप के रूप में विकसित करने में सहायता हेतु त्रिआयामी देश कौन अपनाया गया है जो इक्विटी सहायता, पेशेवर सहायता और ट्रेड के माध्यम से नगदी सहायता के रूप में है। बजट में अवसंरचना के विकास पर जोर दिया गया है। आयात पर निर्भरता कम और निर्यात को बढ़ाने पर जोर दिया गया है इसके साथ सेवा क्षेत्र पर पुनः जोर दिया गया है। वैसे कुल मिलाकर देखा जाए तो इस बजट में कुछ नया नहीं है यह पिछले बजट की पुनरावृत्ति है। डॉ. मनमोहन लाल विश्वकर्मा असि.प्रोफेसर एवं विभाग प्रमुख, अर्थशास्त्र विभाग, गांधी शताब्दी स्मारक स्नातकोत्तर महाविद्यालय कोयलसा, आजमगढ़।